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अच्छे दिन ........आएंगे

लो , एक वर्ष और बीत गया ,
उम्र में एक अंक और बढ़ गया |
सन्  2017 का हुआ शंखनाद ,
नववर्ष हुआ है आगाज |

मैं हाथ जोड़ कर रही हूँ प्रार्थना ,
प्रभु , सुन लो मेरी अरज |
मेरा भारत सदा रहे महान ,
आमजन का बना रहे स्वाभिमान |

भूखे को रोटी मिले ,
प्यासे को पानी मिले |
ये बाते हुई बड़ी पुरानी ,
अब तो समस्याएं जटिल नई |

सुनहरे भारत का है एक सपना ,
गाँव -गाँव साक्षरता - अभियान चले |
शिक्षा ऐसी जो दे सीखने के अवसर ,
हर युवा को मुहैय्या हो रोजगार |

पग - पग पर है जीवन में संकट ,
रेल यात्रा भी नहीं रही सुरक्षित |
प्रभु , यात्री - सुरक्षा पर दिला दो ध्यान ,
जिस से घर-परिवार सदा रहे तनाव मुक्त |

यहाँ अस्पताल है खुद बीमार ,
यह कैसे सुने हमारी गुहार |
प्रभु , इन्हें ही बनाओ निरोग ,
जिस से हो रोगों की रोकथाम

नोटबंदी ने मचाया बड़ा दंगल ,
' कैशलेश ' बनी मृगमरीचिका |
हे प्रभु , भ्रष्टाचार का हो समापन ,
सुकून भरा हो जीवन - यापन |

खातों में हैं रुपये पड़े हुए ,
पर पाने को हम तरस रहे |
प्रभु , कतारें करवा दो कुछ छोटी ,
रकम दिलवा दो कुछ मोटी |

प्रभु, दिवा - स्वप्न नहीं मैं देख रही ,
अच्छे दिन आएंगे ,जल्द आएंगे ...
जुमले को आप बनाओ सार्थक ,
तब होगा मेरा भारत महान |

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